किश्तवाड़। Kishtwad : देर रात किश्तवाड़ के दूर स्थित जंगलों में पाकिस्तानी आतंकियों के छिपे होने की सूचना के बाद सेना एक्शन में आ गई। आतंकियों की तलाश के लिए सेना ने ऑपरेशन ‘त्राशी’ के तहत ड्रोन, खोजी कुत्तों और अतिरिक्त बलों के साथ घेराबंदी तेज कर दी है।
जानकारी के अनुसार जम्मू कश्मीर के Kishtwad /किश्तवाड़ जिले के ऊंचाई वाले इस इलाके में पाकिस्तानी आतंकियों से भीषण मुठभेड़ में सेना के आठ जवान घायल हो गए। दोनों ओर से कई घंटों तक फायरिंग होती रही। फिलहाल गोलीबारी रुकने की सूचना है। अतिरिक्त बल भेज दिए गए हैं। ड्रोन और खोजी कुत्तों को भी सर्च ऑपरेशन में लगा दिया गया है।
जैश ए मोहम्मद के आतंकी
जानकारी के अनुसार रविवार सुबह करीब सवा 11 बजे जंगल में चल रहे तलाशी एवं घेराबंदी अभियान के दौरान आतंकियों से सामना हो गया। यह घटना सोननाड़-सिंहपोरा, छात्रू के जंगल में की है। सूत्रों का कहना है कि ये आतंकी पाकिस्तान स्थित जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) से संबंधित हैं। उग्रवादियों ने गोलीबारी शुरू कर दी। सुरक्षाबलों की घेराबंदी तोड़ने के लिए कुछ ग्रेनेड भी फेंके।
जवानों को लगे ग्रेनेड के स्प्लिंटर
सैनिकों ने जवाबी कार्रवाई की और घेराबंदी को और कड़ा करने के लिए सेना, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) और पुलिस से अतिरिक्त बल भेजे गए। अधिकारियों ने बताया कि शाम 5.40 बजे तक दोनों पक्षों के बीच रुक-रुककर गोलीबारी होती रही। मुठभेड़ में आठ सैनिक घायल हो गए और उन्हें अस्पताल ले जाया गया। अधिकारियों ने बताया कि इनमें से ज्यादातर को ग्रेनेड के स्प्लिंटर लगने से चोटें आई हैं। आतंकवादियों का खात्मा करने के लिए व्यापक तलाशी अभियान जारी है। अभियान में तेजी लाने के लिए ड्रोन सहित उन्नत निगरानी उपकरण और खोजी कुत्ते तैनात किए गए हैं। पूरे इलाके को घेरकर संयुक्त तलाशी अभियान चलाया जा रहा है
ऑपरेशन त्राशी नाम दिया
जम्मू स्थित व्हाइट नाइट कोर ने इसे ऑपरेशन त्राशी नाम दिया है। व्हाइट नाइट कोर ने कहा है कि दुर्गम भूभाग और परिस्थितियों में भी गोलीबारी का जवाब देते हुए सैनिकों ने असाधारण व्यावसायिकता और दृढ़ संकल्प का प्रदर्शन किया है। ऑपरेशन अभी जारी है। नागरिक प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों के साथ बेहतर समन्वय के साथ घेराबंदी को मजबूत करने के लिए अतिरिक्त बलों को तैनात किया गया है।
लोगों को घरों में ही रहने की दी हिदायत
सुरक्षा कारणों से सिंहपोरा इलाके में बाजार तक लाउडस्पीकर के जरिये अनाउंस कर लोगों को घरों में रहने की हिदायत दी गई है। क्षेत्र में जगह-जगह वाहनों और आम नागरिकों की सघन तलाशी ली जा रही है। तलाशी के बाद ही किसी वाहन को आगे बढ़ने की अनुमति दी जा रही है।





